bihar board class 10th maths | Areas Related to Circles (वृतों से सम्बंधित क्षेत्रफल)
bihar board class 10th maths | Areas Related to Circles (वृतों से सम्बंधित क्षेत्रफल)
Bihar Board Solutions for Class 10 Maths Chapter 12 Areas Related to Circles (वृतों से सम्बंधित क्षेत्रफल)
प्रश्नावली 12.1 (NCERT Page 247)
(जब तक अन्यथा न कहा जाए, π =
प्र. 1. दो वृत्तों की त्रिज्याएँ क्रमशः 19 cm और 9 cm हैं। उस वृत्त की त्रिज्या ज्ञात कीजिए जिसकी परिधि इन दोनों वृत्तों की परिधियों के योग के बराबर है।
हल
पहले वृत्त की त्रिज्या (r1) = 19 cm
पहले वृत्त की परिधि = 2πr1 = 2π × 19 = 38π cm
इसी प्रकार, दूसरे वृत्त की त्रिज्या (r2) = 9 cm
दूसरे वृत्त की परिधि = 2πr2 = 2π × 9 = 18π cm
दोनों वृत्तों की परिधियों का योग = (38π + 18π) = 56π cm
वांछित वृत्त की परिधि = 56π cm
माना वांछित वृत्त की त्रिज्या = r cm
तब, वांछित वृत्त की परिधि = 56π m
⇒ 2πr = 56π
⇒ r =
अतः अभीष्ट वृत्त की त्रिज्या = 28 cm
प्र. 2. दो वृत्तों की त्रिज्याएँ क्रमशः 8 cm और 6 cm हैं। उस वृत्त की त्रिज्या ज्ञात कीजिए जिसका क्षेत्रफल इन दोनों वृत्तों के क्षेत्रफलों के योग के बराबर है।
हल
पहले वृत्त की त्रिज्या (r1) = 8 cm
पहले वृत्त का क्षेत्रफल =
इसी प्रकार, दूसरे वृत्त की त्रिज्या (r2) = 6 cm
दूसरे वृत्त का क्षेत्रफल =
दोनों वृत्तों के क्षेत्रफलों का योग = 64π + 36π = 100π cm2
वांछित वृत्त का क्षेत्रफल = 100π cm2
माना वांछित वृत्त की त्रिज्या r cm है।
तब, वांछित वृत्त का क्षेत्रफल = 100π cm2
⇒ πr2 = 100π
⇒ r2 = 100π
⇒ r = √100 = 10
अतः अभीष्ट वृत्त की त्रिज्या = 10 cm
प्र. 3. दी गई आकृति एक तीरंदाजी लक्ष्य को दर्शाती है, जिसमें केन्द्र से बाहर की ओर पाँच क्षेत्र GOLD, RED, BLUE, BLACK और WHITE चिह्नित हैं, जिनसे अंक अर्जित किए जा सकते हैं। GOLD अंक वाले क्षेत्र GOLD का व्यास 21 cm है तथा प्रत्येक अन्य पट्टी 10.5 cm चौड़ी है। अंक प्राप्त कराने वाले इन पाँचों क्षेत्रों में से प्रत्येक का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
सबसे पहले क्षेत्र का व्यास = 21 cm
GOLD क्षेत्र की त्रिज्या RG =
और अगली प्रत्येक पट्टी की चौड़ाई = 10.5 cm
तीरंदाजी के पाँच क्षेत्रों का क्रम = GOLD, RED, BLUE, BLACK, WHITE
RED क्षेत्र की भीतरी त्रिज्या Rr2 = 10.5 cm
तथा बाहरी त्रिज्या Rr1 = Rr2 + 10.5 cm = 10.5 + 10.5 = 21.0 cm
तब, BLUE क्षेत्र की भीतरी त्रिज्या RB2 = 21.0 cm
तथा बाहरी त्रिज्या RB1 = RB2 + 10.5 cm = 21.0 + 10.5 = 31.5 cm
तब, BLACK क्षेत्र की भीतरी त्रिज्या Rb2 = 31.5 cm
तथा बाहरी त्रिज्या Rb1 = Rb2 + 10.5 cm = 31.5 + 10.5 = 42.0 cm
तब, WHITE क्षेत्र की भीतरी त्रिज्या Rw2 = 42.0 cm
बाहरी त्रिज्या Rw1 = Rw2 + 10.5 cm = 42.0 + 10.5 = 52.5 cm
इस प्रकार क्षेत्रवार त्रिज्याएँ :
प्र. 4. किसी कार के प्रत्येक पहिए का व्यास 80 cm है। यदि यह कार 66 km प्रति घण्टे की चाल से चल रही है तो 10 मिनट में प्रत्येक पहिया कितने चक्कर लगाता है?
हल
कार के पहिए का व्यास = 80 cm
कार के पहिए की परिधि = π × व्यास
=
=
कार की चाल = 66 km/h
= 66 ×
= 66 ×
= 110000 cm/min
∴ कार द्वारा 10 मिनट में चली दूरी = चाल × समय
= 110000 × 10
= 1100000 cm
∴ 10 मिनट में चली दूरी 1100000 cm के लिए पहिए के चक्करों की संख्या
अत: 10 मिनट में कार का प्रत्येक पहिया 4375 चक्कर लगाएगा।
प्र. 5. निम्नलिखित में सही उत्तर चुनिए तथा अपने उत्तर का औचित्य दीजिए-
यदि एक वृत्त का परिमाप और क्षेत्रफल संख्यात्मक रूप से बराबर है तो उस वृत्त की त्रिज्या है-
(A) 2 मात्रक
(B) π मात्रक
(C) 4 मात्रक
(D) 7 मात्रक
हल
माना वृत्त की त्रिज्या = R
तब, वृत्त का परिमाप (परिधि) = 2πR
और वृत्त का क्षेत्रफल = πR2
संख्यात्मक रूप से, वृत्त का क्षेत्रफल = वृत्त का परिमाप
πR2 = 2πR
R = 2 (दोनों पक्षों को πR से भाग देने पर)
वृत्त की त्रिज्या = 2 मात्रक
अत: विकल्प (A) सही है।
प्रश्नावली 12.2 (NCERT Page 252)
(जब तक अन्यथा न कहा जाए, π =
प्र. 1. 6 cm त्रिज्या वाले एक वृत्त के एक त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए, जिसका कोण 60° है।
हल
वृत्त की त्रिज्या (r) = 6 cm
त्रिज्यखण्ड का कोण (θ) = 60°
तब, त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल
अत: त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल = 18.86 cm2 (लगभग) या
प्र. 2. एक वृत्त, के चतुर्थांश का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए, जिसकी परिधि 22 cm है|
हल
दिया है, वृत्त की परिधि (2πr) = 22 cm
अत: अभीष्ट क्षेत्रफल = 9.625 cm2
प्र. 3. एक घड़ी की मिनट की सुई जिसकी लंबाई 14 cm है| इस सुई द्वारा 5 मिनट में रचित क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए|
हल
मिनट की सुई 1 घण्टे या 60 मिनट में 1 पूरा चक्कर लगाती है
मिनट की सुई 1 मिनट में लगाएगी =
मिनट की सुई 5 मिनट में लगाएगी =
मिनट की सुई द्वारा आच्छादित वृत्त की त्रिज्या (r) = 14 cm
तब, सुई द्वारा रचित क्षेत्रफल =
=
=
अतः अभीष्ट क्षेत्रफल =
प्र. 4. 10 सेमी त्रिज्या वाले एक वृत्त की कोई जीवा केंद्र पर समकोण अंतरित करती है| निम्नलिखित के क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए:
(i) संगत लघु वृत्तखंड
(ii) संगत दीर्घ त्रिज्यखंड ( π = 3.14 का प्रयोग कीजिए)
हल
(i) वृत्त की त्रिज्या (r) = 10 cm
जीवा द्वारा केन्द्र पर अन्तरित कोण (θ) = 90°
संगत लघ वत्तखण्ड का क्षेत्रफल
अतः संगत लघु वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल = 28.5 cm2
(ii) संगत त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल = वृत्त का क्षेत्रफल – लघु वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल
= πr2 – 28.5
= 3.14 × (10)2 – 28.5
= 314 – 28.5
= 285.5
अत: संगत त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल = 285.5 cm2
प्र. 5. त्रिज्या 21 cm वाले वृत्त का एक चाप केंद्र पर 60° का कोण अंतरित करता है| ज्ञात कीजिए :
(i) चाप की लंबाई
(ii) चाप द्वारा बनाए गए त्रिज्यखंड का क्षेत्रफल
(iii) संगत जीवा द्वारा बनाए गए वृत्तखंड का क्षेत्रफल
हल
दिया है, वृत्त की त्रिज्या (r) = 21 cm
तथा चाप द्वारा केन्द्र पर बना कोण (θ) = 60°
(i) चाप की लम्बाई (l)
अतः चाप की लम्बाई (l) = 22 cm
(ii) चाप द्वारा बनाए गए त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल
अत: अभीष्ट त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल = 231 cm2
(iii) संगत जीवा द्वारा बने वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल
अत: अभीष्ट वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल = 40.05 cm2
प्र. 6. 15 cm त्रिज्या वाले एक वृत्त की कोई जीवा केंद्र पर 60° का कोण अंतरित करती है| और दीर्घ वृत्तखंड़ों के क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
(π = 3.14 ओर √3 = 1.73 का प्रयोग कीजिए)
हल
वृत्त की त्रिज्या (r) = 15 cm
जीवा द्वारा केन्द्र पर अन्तरित कोण (θ) = 60°
संगत लघु वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल

तब, संगत दीर्घ वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल = वृत्त का क्षेत्रफल – लघु वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल
अतः लघु वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल = 20.4375 cm2
तथा दीर्घ वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल = 686.0625 cm2
प्र. 7. त्रिज्या 12 cm वाले एक वृत्त की कोई जीवा केंद्र पर 120o का कोण अंतरित करती है| संगत वृत्तखंड़ का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए|
(π = 3.14 ओर √3 = 1.73 का प्रयोग कीजिए)
हल
वृत्त की त्रिज्या (r) = 12 सेमी
तथा जीवा द्वारा केन्द्र पर अन्तरित कोण (θ) = 120°
संगत (लघु) वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल
अतः अभीष्ट वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल = 88.44 cm2
प्र. 8. 15 cm भुजा वाले एक वर्गाकार घास के मैदान के एक कोने पर लगे खूटे से एक घोड़े को 5 m लम्बी रस्सी से बाँध दिया गया है। ज्ञात कीजिए-
(i) मैदान के उस भाग का क्षेत्रफल जहाँ घोड़ा घास चर सकता है।
(ii) चरे जा सकने वाले क्षेत्रफल में वृद्धि यदि घोड़े को 5 m लम्बी रस्सी के स्थान पर 10 m लम्बी रस्सी से बाँध दिया जाए। (π = 3.14 का प्रयोग कीजिए।)
हल
वर्गाकार मैदान की भुजा = 15 m
पूरे मैदान का क्षेत्रफल = (भुजा)2 = (15)2 = 225 m2
(i) घोड़ा एक 5 मीटर लम्बी रस्सी से बँधा है, तब वह अधिकतम 5 मीटर त्रिज्या वाले वृत्त के उस त्रिज्यखण्ड की घास चर सकेगा जिसका कोण वर्ग के अन्त:कोण के बराबर अर्थात् 90° है।
तब, त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल
अत: घोड़ा 19.625 m2 क्षेत्रफल की घास चर सकता है।
(ii) यदि रस्सी की लम्बाई 10 मीटर कर दी जाए अर्थात् त्रिज्या r = 10 मीटर हो तो त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल
अब घोड़ा 78.5 m2 क्षेत्र की घास चर सकेगा।
अतः क्षेत्रफल में वृद्धि = 78.5 – 19.625 = 58.875 m2
प्र. 9. एक वृत्ताकार ब्रच (brooch) को चाँदी के तार से बनाया जाना है जिसका व्यास 35 mm है। तार को वृत्त के 5 व्यासों को बनाने में भी प्रयुक्त किया गया है जो उसे 10 बराबर त्रिज्यखण्डों में विभाजित करता है जैसा कि आकृति में दर्शाया गया है तो ज्ञात कीजिए-
(i) कुल वांछित चाँदी के तार की लम्बाई।
(ii) ब्रूच के प्रत्येक त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल।
हल
दिया है, वृत्ताकार ब्रूच का व्यास = 35 mm
⇒ त्रिज्या (r) =
(i) चाँदी के ब्रूच के वृत्तीय भाग की माप = π × व्यास
=
= 110 mm
और 5 व्यासों की लम्बाई = 5 × 35 = 175 mm
अतः चाँदी के तार की कुल लम्बाई = 110 + 175 = 285 mm = 28.5 cm
अत: ब्रूच के प्रत्येक त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल = 96.25 mm2
प्र. 10. एक छतरी में आठ ताने हैं, जो बराबर दूरी पर लगे हुए हैं (देखिए आकृति)| छतरी को 45 cm त्रिज्या वाला एक सपाट वृत्त मानते हुए, इसकी दो क्रमागत तानों के बीच का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए|
हल
दिया है, छतरी की त्रिज्या (r) = 45 cm
दो क्रमागत तारों के मध्य एक त्रिज्यखण्ड बनेगा।
त्रिज्यखण्ड का कोण (θ) =
प्र. 11. किसी कार के दो वाइपर (wipers) हैं, परस्पर कभी आच्छादित नहीं होते हैं | प्रत्येक वाइपर की पट्टी की लंबाई 25 cm है और 115° के कोण तक घूम कर सफाई कर सकता है| पट्टियों की प्रत्येक बुहार के साथ जितना क्षेत्रफल साफ़ हो जाता है, वह ज्ञात कीजिए।
हल
प्रत्येक वाइपर की सफाई का क्षेत्र उस त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल होगा जिसकी त्रिज्या (r) = पत्ती की लम्बाई = 25 cm
तथा त्रिज्यखण्ड का कोण (θ) = 115°
तब, प्रत्येक वाइपर के द्वारा साफ हुआ क्षेत्रफल = त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल
प्र. 12. जहाजों को समुद्र में जलस्तर के नीचे स्थित चट्टानों की चेतावनी देने के लिए, एक लाइट हाउस (light house ) 80° कोण वाले एक त्रिज्यखंड में 16.5 km की दूरी तक लाल रंग का प्रकाश फैलाता है| समुद्र के उस भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए जिसमें जहाजों को चेतावनी दी जा सके। (π = 3.14 का प्रयोग कीजिए)
हल
दिया है, त्रिज्यखण्ड का कोण (θ) = 80°
त्रिज्यखण्ड की त्रिज्या (r) = 16.5 km =
अतः समुद्र के उस भाग, जहाँ जहाजों को चेतावनी दी जा सके, का क्षेत्रफल = 189.97 km2
प्र. 13. एक गोल मेजपोश पर छह समान डिजाइन बने हुए हैं जैसा कि आकृति में दर्शाया गया है। यदि मेजपोश की त्रिज्या 28 cm है तो ₹ 0.35 प्रति वर्ग सेंटीमीटर की दर से इन डिजाइनों को बनाने की लागत ज्ञात कीजिए। (√3 = 1.7 का प्रयोग त्रिी कीजिए)
हल
दिया है, मेजपोश के वृत्त की त्रिज्या (r) = 28 cm
सभी डिजाइनों के क्षेत्रफल समान हैं,
प्रत्येक वृत्तखण्ड का क्षेत्रफल और जीवाओं द्वारा केन्द्र पर अन्तरित कोण θ समान हैं तथा प्रत्येक 60° है।
₹ 0.35 प्रति वर्ग सेमी की दर से डिजाइन कराने का व्यय = ₹ (0.35 × 464.8) = ₹ 162.68
अत: डिजाइनों को बनाने की लागत = ₹ 162.68
प्र. 14. निम्नलिखित में सही उत्तर चुनिए :
त्रिज्या R वाले के उस त्रिज्यखंड का क्षेत्रफल जिसका कोण p° है, निम्नलिखित है :
(A)
(B)
(C)
(D)
हल
दिया है, वृत्त की त्रिज्या = R
तथा त्रिज्यखण्ड का कोण (θ) = p°
त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल
अत: विकल्प (D) सही है।
प्रश्नावली 12.3 (NCERT Page 257)
(जब तक अन्यथा न कहा जाए, π = का प्रयोग कीजिए।)
प्र. 1. आकृति में, छायांकित भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए, यदि PQ = 24 सेमी., PR = 7 सेमी. तथा O वृत्त का केंद्र है।
हल
दिया है, PQ = 24 cm, PR = 7 cm
O वृत्त का केन्द्र है।
QR व्यास है।
तब, वृत्त की त्रिज्या (r) =
∆PQR समकोणीय होगा क्योंकि अर्द्धवृत्त में बना कोण समकोण होता है।
तब, समकोण ∆PQR में, [∵ ∠QPR = 90°]
पाइथागोरस प्रमेय से,
QR2 = PQ2 + PR2
= (24)2 + (7)2
= 576 + 49
= 625
प्र. 2. आकृति में, छायांकित भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए, यदि केंद्र O वाले दोनों सकेंद्रीय वृत्तों की त्रिन्याएँ क्रमशः 7 सेमी. और 14 सेमी. हैं तथा ∠AOC = 40° है।
हल
दिया है, बड़े वृत्त की त्रिज्या (r1) = 14 cm और छोटे वृत्त की त्रिज्या (r2) = 7 cm
त्रिज्यखण्ड का कोण (θ) = 40°
छायांकित भाग का क्षेत्रफल
= त्रिज्यखण्ड OAC का क्षेत्रफल – त्रिज्यखण्ड OBD का क्षेत्रफल
अत: छायांकित भाग का क्षेत्रफल =
प्र. 3. आकृति में, छायांकित भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए, यदि ABCD भुजा 14 सेमी. का एक वर्ग है तथा APD और BPC दो अर्धवृत्त हैं।
हल
दिया है, वर्ग ABCD की भुजा = 14 cm
वर्ग ABCD का क्षेत्रफल = भुजा2 = 14 × 14 cm2 = 196 cm2
अर्द्धवृत्तों का व्यास = वर्ग ABCD की भुजा
2 × त्रिज्या = 14
⇒ त्रिज्या (r) = 7 cm
दोनों अर्द्धवृत्तों का कुल क्षेत्रफल =
= πr2
=
= 154 cm2
चित्र से स्पष्ट है कि छायांकित भाग का क्षेत्रफल = वर्ग ABCD का क्षेत्रफल – दोनों अर्द्धवृत्तों का क्षेत्रफल
= 196 cm2 – 154 cm2
= 42 cm2
अत: छायांकित भाग का क्षेत्रफल = 42 cm2
प्र. 4. आकृति में, छायांकित भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए, जहाँ भुजा 12 सेमी. वाले एक समबाहु त्रिभुज OAB के शीर्ष O को केंद्र मान कर 6 सेमी. त्रिज्या वाला एक वृत्तीय चाप खींचा गया है।
हल
दिया है, समबाहु त्रिभुज की भुजा = 12 cm
हम जानते हैं कि समबाहु ΔOAB का क्षेत्रफल
दीर्घ त्रिज्यखण्ड का कोण, θ = 360° – 60° = 300°
(∵ समबाहु त्रिभुज का अन्त:कोण 60° का होता है।)
दिया है, वृत्त की त्रिज्या (r) = 6 cm
दीर्घ त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल
छायांकित भाग का सम्पूर्ण क्षेत्रफल = दीर्घ त्रिज्यखण्ड का क्षेत्रफल + समबाहु त्रिभुज का क्षेत्रफल
= (
अतः सम्पूर्ण छायांकित भाग का क्षेत्रफल = (
प्र. 5. भुजा 4 सेमी. वाले एक वर्ग के प्रत्येक कोने से 1 सेमी. त्रिज्या वाले वृत्त का एक चतुर्थांश काटा गया है तथा बीच में 2 सेमी. व्यास का एक वृत्त भी काटा गया है, जैसाकि आकृति में दर्शाया गया है। वर्ग के शेष भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल
ABCD एक वर्ग है जिसकी प्रत्येक भुजा 4 cm है।
वर्ग का क्षेत्रफल = 4 × 4 = 16 m2
दिया है, वृत्त के एक चतुर्थांश की त्रिज्या (r) = 1 cm
एक चतुर्थांश का क्षेत्रफल =
चारों चतुर्थांशों का क्षेत्रफल = 4 ×
= πr2
=
=
दिया है, बीच में काटे गए वृत्त का व्यास = 2 cm
वृत्त की त्रिज्या = 1 cm
वृत्त का क्षेत्रफल = πr2
=
=
छायांकित भाग का क्षेत्रफल = वर्ग का क्षेत्रफल – (चारों चतुर्थांशों का क्षेत्रफल + वृत्त का क्षेत्रफल)
अत: छायांकित भाग का क्षेत्रफल =
प्र. 6. एक वृत्ताकार मेज़पोश, जिसकी त्रिज्या 32 सेमी. है, में बीच में एक समबाहु त्रिभुज ABC छोड़ते हुए एक डिज़ाइन बना हुआ है, जैसाकि आकृति में दिखाया गया है। इस डिज़ाइन का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल
∆ABC एक समबाहु त्रिभुज है।
∠B = 60°
OB तथा OC वृत्ताकार मेजपोश की त्रिज्याएँ हैं।
OB = 32 cm
और ∠OBM =
प्र. 7. आकृति में, ABCD भुजा 14 सेमी. वाला एक वर्ग है। A, B, C और D को केंद्र मानकर, चार वृत्त इस प्रकार खींचे गए हैं कि प्रत्येक वृत्त तीन शेष वृत्तों में से दो वृत्तों को बाह्य रूप से स्पर्श करता है। छायांकित भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल
दिया है, वर्ग ABCD की भुजा = 14 cm
अर्थात् AB = BC = CD = DA = 14 cm
वर्ग ABCD का क्षेत्रफल = (भुजा)2 = 14 × 14 = 196 cm2
चित्र से स्पष्ट है कि चारों वृत्तों के चतुर्थांश वर्ग ABCD में समाहित हैं।
चारों वृत्त-चतुर्थांशों का क्षेत्रफल = एक वृत्त का क्षेत्रफल
छायांकित भाग का क्षेत्रफल = वर्ग ABCD का क्षेत्रफल – चारों वृत्तीय चतुर्थांशों का क्षेत्रफल
= (196 – 154) cm2
= 42 cm2
अतः छायांकित भाग का क्षेत्रफल = 42 cm2
प्र. 8. आकृति एक दौड़ने का पथ (racing track) दर्शाती है, जिसके बाएँ और दाएँ सिरे अर्धवृत्ताकार हैं। दोनों आंतरिक समांतर रेखाखंडों के बीच की दूरी 60 मी. है तथा इनमें से प्रत्येक रेखाखंड 106 मी. लंबा है। यदि यह पथ 10 मी. चौड़ा है, तो ज्ञात कीजिए।
(i) पथ के आंतरिक किनारों के अनुदिश एक पूरा चक्कर लगाने में चली गई दूरी।
(ii) पथ का क्षेत्रफल।
हल
(i) दिया है, अर्द्धवृत्ताकार पथों की आन्तरिक त्रिज्या (r’) =
दिया है, प्रत्येक रेखाखण्ड की लम्बाई = 106 m
दोनों आन्तरिक समान्तर रेखाखण्डों की लम्बाई = 106 m + 106 m = 212 m.
पथ के आन्तरिक किनारों के अनुदिश 1 चक्कर की लम्बाई = दोनों अर्द्धवृत्तों की आन्तरिक परिधि + दोनों आन्तरिक समान्तर रेखाखण्डों की लम्बाई
अत: पथ के आन्तरिक किनारों के अनुदिश 1 पूरा चक्कर लगाने में चली गई दूरी =
(ii) वृत्ताकार पथ भागों की आन्तरिक त्रिज्या (r’) = 30 m और पथ चौड़ाई = 10 m
वृत्ताकार पथ भागों की बाह्य त्रिज्या r = (30 + 10) m = 40 m
दोनों वृत्ताकार भागों का क्षेत्रफल = π(r2 – r’2)
= π(r + r’) (r – r’)
= π(40 + 30) (40 – 30)
=
= 2200 m2
वृत्ताकार भागों के अतिरिक्त पथ का क्षेत्रफल = 2 × (लम्बाई × पथ की चौड़ाई)
= 2 × (106 × 10)
= 2120 m2
पथ का कुल क्षेत्रफल = (2200 + 2120) m2 = 4320 m2
अत: पथ का क्षेत्रफल = 4320 m2
प्र. 9. आकृति में, AB और CD केंद्र O वाले एक वृत्त के दो परस्पर लंब व्यास हैं। तथा OD छोटे वृत्त को व्यास है। यदि OA = 7 सेमी. है, तो छायांकित भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल
बड़े वृत्त की त्रिज्या OA = OD = छोटे वृत्त का व्यास
छोटे वृत्त का व्यास = OD = OA = 7 cm
छोटे वृत्त की त्रिज्या (r) =
छोटे वृत्त का क्षेत्रफल = πr2
=
= 38.5 cm2
अब, अर्द्धवृत्त AOBCA का क्षेत्रफल =
=
= 77 cm2 (∵ OA = R = 7 cm)
∆ABC का क्षेत्रफल =
=
= OA2
= (7)2
= 49 cm
अर्द्धवृत्त AOBCA के छायांकित भाग का क्षेत्रफल = (77 – 49) cm2 = 28 cm2
अतः सम्पूर्ण छायांकित भाग का क्षेत्रफल = (छोटे वृत्त का क्षेत्रफल + अर्द्धवृत्त AOBCA के छायांकित भाग का क्षेत्रफल
= (38.5 + 28)
= 66.5 cm2
प्र. 10. एक समबाहु त्रिभुज ABC का क्षेत्रफल 17320.5 सेमी. है। इस त्रिभुज के प्रत्येक शीर्ष को केंद्र मानकर त्रिभुज की भुजा के आधे के बराबर की त्रिज्या लेकर एक वृत्त खींचा जाता है ( देखिए आकृति)। छायांकित भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए। (π = 3.14 और √3 = 1.73205 लीजिए।)
हल
माना वृत्तों की त्रिज्याएँ r cm हैं।
समबाहु त्रिभुज की भुजा = वृत्त का व्यास = 2r cm
समबाहु त्रिभुज का क्षेत्रफल = 17320.5 cm2
अतः त्रिभुज के उस भाग का क्षेत्रफल जो वृत्तों के अन्दर नहीं है = समबाहु त्रिभुज का क्षेत्रफल – त्रिज्यखण्डों का कुल क्षेत्रफल
= 17320.5 – 15700
= 1620.5 cm2
प्र. 11. एक वर्गाकार रूमाल पर, नौ वृत्ताकार डिजाइन बने हैं, जिनमें से प्रत्येक की त्रिज्या 7 सेमी. है (देखिए आकृति)। रूमाल के शेष भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल
दिया है, प्रत्येक वृत्त की त्रिज्या (r) = 7 cm
प्रत्येक वृत्त का क्षेत्रफल = πr2
=
= 154 cm2
नौ वृत्ताकार डिजाइनों का क्षेत्रफल = 9 × 154 = 1386 cm2
प्रत्येक वृत्त का व्यास = 2 × 7 = 14 cm
दिए गए चित्र में, प्रत्येक पंक्ति में 3 वृत्त हैं।
वर्गाकार रूमाल की लम्बाई = 3 x एक वृत्त का व्यास = 3 × 14 = 42 cm
वर्गाकार रूमाल का कुल क्षेत्रफल = 42 × 42 cm2 = 1764 cm2
रूमाल के शेष भाग का क्षेत्रफल = रूमाल का कुल क्षेत्रफल – 9 वृत्ताकार डिजाइनों का क्षेत्रफल
= (1764 – 1386) cm2
= 378 cm2
अतः रूमाल के शेष भाग का क्षेत्रफल = 378 cm2
प्र. 12. आकृति में, OACB केंद्र O और त्रिज्या 3.5 सेमी. वाले एक वृत्त को चतुर्थांश है। यदि OD = 2 सेमी. है, तो । निम्नलिखित के क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए:
(i) चतुर्थांश OACB
(ii) छायांकित भाग।
हल
दिया है, वृत्ताकार चतुर्थांश की त्रिज्या (r) = 3.5 cm, OD = 2 cm
प्र. 13. आकृति में, एक चतुर्थांश OPBQ के अंतर्गत एक वर्ग OABC बना हुआ है। यदि OA = 20 सेमी. है, तो छायांकित भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए। (π = 3.14 लीजिए।) [CBSE Sample Paper 2011] C]
हल
दिया है, वर्ग OABC की भुजा, OA = 20 cm
वर्ग OABC का विकर्ण, OB = भुजा√2 = OA√2 = 20√2 cm
चतुर्थांश OPBQ की त्रिज्या (r) = OB = 20√2 cm
चतुर्थांश OPBQ का क्षेत्रफल =
=
=
= 628 cm2
और वर्ग OABC का क्षेत्रफल = (भुजा)2 = (OA)2 = (20)2 = 400 cm2
अंत: छायांकित भाग का क्षेत्रफल = (चतुर्थाश OPBQ का क्षेत्रफल – वर्ग OABC का क्षेत्रफल)
= 628 – 400
= 228 cm2
प्र. 14. AB और CD केंद्र 0 तथा त्रिज्याओं 21 सेमी. और 7 सेमी. वाले दो संकेंद्रीय वृत्तों के क्रमशः दो चाप हैं ( देखिए आकृति)। यदि ∠AOB = 30° है, तो छायांकित भाग को क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल
दिए गए चित्र में,
त्रिज्यखण्ड OBAO की लम्बाई (r1) = 21 cm
तथा त्रिज्यखण्ड OCDO की लम्बाई (r2) = 7 cm
माना संकेन्द्रीय वृत्तों का त्रिज्यकोण (θ) = 30°
त्रिज्यखण्ड ORAO का क्षेत्रफल
त्रिज्यखण्ड OCDO का क्षेत्रफल
अत: छायांकित भाग का क्षेत्रफल = दोनों त्रिज्यखण्डों के क्षेत्रफलों का अन्तर
= (त्रिज्यखण्ड OBAO का क्षेत्रफल – त्रिज्यखण्ड OCDO का क्षेत्रफल)![]()
प्र. 15. आकृति में, ABC त्रिज्या 14 सेमी. वाले एक वृत्त का चतुर्थांश है तथा BC को व्यास मान कर एक अर्धवृत्त खींचा गया है। छायांकित भाग का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
हल
दिया है, चतुर्थांश ABC की त्रिज्या (r) = 14 cm
चतुर्थांश ABC का क्षेत्रफल =
=
= 154 cm2
समकोण ∆ABC का क्षेत्रफल =
=
= 98 cm2 (∵ AC = r = 14 cm)
समकोण ∆ABC में पाइथागोरस प्रमेय से,
BC2 = AC2 + AB2 = (14)2 + (14)2 = 392 (∵ ∠BAC = 90°)
BC = √392 = 14√2 cm
अर्द्धवृत्त का व्यास BC = कर्ण BC की लम्बाई = 14√2 cm
अर्द्धवृत्त की त्रिज्या (R) = 7√2 cm
अर्द्धवृत्त का क्षेत्रफल =
=
= 154 cm2
छायांकित भाग का क्षेत्रफल = BC व्यास वाले अर्द्धवृत्त का क्षेत्रफल – (चतुर्थांश ABC का क्षेत्रफल – समकोण ΔABC का क्षेत्रफल)
= समकोण ∆ABC का क्षेत्रफल + अर्द्धवृत्त का क्षेत्रफल – चतुर्थांश ABC का क्षेत्रफल
= (98 + 154 – 154) cm2
= 98 cm2
अत: छायांकित भाग का क्षेत्रफल = 98 cm2
प्र. 16. आकृति में, छायांकित डिजाइन का क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए, जो 8 सेमी. त्रिज्याओं वाले दो वृत्तों के चतुर्थांशों के बीच उभयनिष्ठ है।
हल
ध्यान दीजिए दो समान त्रिज्यखण्डों को मिलाने 8 सेमी पर दी गई आकृति प्राप्त होती है और लूप परस्पर आच्छादित करते हैं।
दिया है, चतुर्थांशों की त्रिज्याएँ (r) = 8 cm
तथा चतुर्थांश का कोण (θ) = 90°
एक चतुर्थांश का क्षेत्रफल
दोनों चतुर्थाशों का क्षेत्रफल =
इसमें वर्ग का क्षेत्रफल समाहित है और लूप के क्षेत्र परस्पर आच्छादित हैं।
लूप का क्षेत्रफल + वर्ग का क्षेत्रफल = दोनों चतुर्थांशों का क्षेत्रफल
⇒ लूप का क्षेत्रफल + (8)2 cm2 =
⇒ लूप का क्षेत्रफल = (
=
=
अत: छायांकित डिजाइन (लूप) का क्षेत्रफल =